Home Blog Page 169

उत्तराखंड विधानसभा सत्र में हंगामा: विपक्ष ने फाड़ी कार्यसूची, मेज पटकी

0

देहरादून: उत्तराखंड विधानसभा के मानसून सत्र में सोमवार को कानून-व्यवस्था के मुद्दे पर कांग्रेस विधायकों ने जमकर हंगामा किया। विरोध प्रदर्शन इतना उग्र था कि विपक्षी विधायकों ने सदन में सचिव की मेज पलटने की कोशिश की और माइक तोड़ दिया।

कांग्रेस का उग्र विरोध प्रदर्शन

सदन की कार्यवाही के दौरान विपक्षी कांग्रेस विधायकों ने लगातार नारेबाजी की और हाथों में कागज लहराए। विरोध प्रदर्शन के दौरान विधायकों ने सदन की कार्यसूची फाड़कर हवा में उछाल दी और वेल में धरने पर बैठ गए। इस घटना पर विधानसभा अध्यक्ष ने कड़ी नाराजगी जताते हुए कहा कि यह बेहद दुखद है कि सदन के अंदर सचिव की मेज, माइक और टैबलेट को तोड़ा गया। कांग्रेस के विरोध के चलते सदन की कार्यवाही को बार-बार स्थगित करना पड़ा।

सीएम का माइक खराब

हंगामे के बीच मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी जब बोलने के लिए माइक पर आए, तो उनका माइक खराब हो गया। इसके बाद मुख्यमंत्री ने अपनी कुर्सी से पीछे जाकर दूसरे माइक से बात की। मुख्यमंत्री ने सदन में दिवंगत पूर्व विधायक मुन्नी देवी को श्रद्धांजलि दी। इस दौरान सदन में मुन्नी देवी की याद में निधन प्रस्ताव पर चर्चा चल रही थी।

उत्तराखंड विधानसभा सत्र : कानून व्यवस्था पर हंगामा, सदन की कार्यवाही स्थगित

0

चमोली। उत्तराखंड विधानसभा का मानसून सत्र मंगलवार को हंगामेदार रहा। सदन की कार्यवाही सुबह 11 बजे शुरू हुई, लेकिन विपक्ष के हंगामे के चलते इसे दोपहर 12:30 बजे तक स्थगित करना पड़ा।

सत्र के दौरान कांग्रेस विधायक प्रीतम सिंह ने नियम 310 के तहत प्रदेश की कानून व्यवस्था पर सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि “प्रदेश की कानून व्यवस्था पूरी तरह ध्वस्त हो चुकी है।” नैनीताल में हुए हालिया बवाल को लेकर कांग्रेस विधायकों ने जमकर हंगामा किया और सदन में नारेबाजी करते हुए वेल तक पहुंच गए।

नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्य ने भाजपा सरकार पर हमला बोलते हुए कहा कि “भाजपा के कुकृत्यों ने प्रदेश को शर्मसार किया है।” कांग्रेस विधायक वोट चोरी के विरोध में भी प्रदर्शन करते दिखे। सत्र की शुरुआत से पहले ही कांग्रेस ने वोट चोरी के खिलाफ विधानसभा परिसर में विरोध प्रदर्शन किया।

इधर, सरकार सत्र के दौरान 5000 करोड़ रुपये का अनुपूरक बजट पेश करने की तैयारी में है। वित्त मंत्री की जिम्मेदारी निभा रहे मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी यह बजट पेश करेंगे। सरकार का कहना है कि अनुपूरक बजट के माध्यम से प्रदेश की वित्तीय आवश्यकताओं को पूरा किया जाएगा। हालांकि, विपक्ष के तेवरों को देखते हुए सत्र में हंगामे के जारी रहने की संभावना बनी हुई है।

आज उपराष्ट्रपति पद के लिए अपने उम्मीदवार का ऐलान करेगा इंडिया गठबंधन?

0

नई दिल्ली। आगामी उपराष्ट्रपति चुनाव को लेकर सियासी हलचल तेज हो गई है। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) नेतृत्व वाले राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (एनडीए) ने महाराष्ट्र के राज्यपाल सी. पी. राधाकृष्णन को अपना उम्मीदवार घोषित कर दिया है। वहीं विपक्षी INDIA गठबंधन ने अब तक अपने उम्मीदवार का नाम तय नहीं किया है।

सूत्रों के अनुसार, विपक्ष एक साझा उम्मीदवार उतारने की रणनीति पर काम कर रहा है। इसी सिलसिले में आज दोपहर 12:30 बजे कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे के आवास पर सभी प्रमुख विपक्षी दलों की बैठक बुलाई गई है। बैठक के बाद औपचारिक घोषणा होने की संभावना जताई जा रही है।

किन नामों पर हो रही चर्चा

सूत्र बताते हैं कि INDIA ब्लॉक के नेताओं ने कई संभावित नामों पर विचार किया है। इनमें इसरो के पूर्व वैज्ञानिक और चंद्रयान-1 परियोजना का नेतृत्व करने वाले डॉ. मैलस्वामी अन्नादुरई का नाम प्रमुख है। विपक्ष चाहता है कि इस चुनाव को लोकतंत्र और संविधान की रक्षा की लड़ाई के रूप में प्रस्तुत किया जाए।

चर्चा में शामिल अन्य नामों में डीएमके सांसद तिरुचि सिवा, महात्मा गांधी के परपोते और इतिहासकार तुषार गांधी, तथा महाराष्ट्र से किसी दलित बुद्धिजीवी का नाम भी शामिल है। विपक्ष की कोशिश है कि यह चुनाव केवल पद की लड़ाई न होकर एक वैचारिक संघर्ष का प्रतीक बने।

राधाकृष्णन ने की प्रधानमंत्री से मुलाकात

इधर, एनडीए उम्मीदवार सी. पी. राधाकृष्णन सोमवार को दिल्ली पहुंचे। एयरपोर्ट पर भाजपा नेताओं ने उनका जोरदार स्वागत किया। इसके बाद उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से शिष्टाचार भेंट की।

अब सियासी निगाहें INDIA गठबंधन की बैठक पर टिकी हैं, जहां से यह साफ होगा कि एनडीए उम्मीदवार राधाकृष्णन के मुकाबले में विपक्ष किसे उतारता है।

बादल फटने से भारी तबाही, कई दुकानें और खेत प्रभावित

0

कुल्लू। जिला कुल्लू की लगघाटी के समाना क्षेत्र में बीती रात लगभग 2 बजे बादल फटने से भारी तबाही मच गई। घटना में तीन दुकानें और एक बाइक बह गई, जबकि कई किसानों की ज़मीन व खेत भी बुरी तरह क्षतिग्रस्त हुए।

तेज़ बारिश और मलबा आने से सरवरी नाला उफान पर है। भूतनाथ मंदिर के पास बस स्टैंड को जोड़ने वाली सड़क में गहरी दरारें आ गई हैं और यहां डंगा नदी में समाने की कगार पर है। हनुमान बाग को जोड़ने वाला पैदल पुल भी टूटने की स्थिति में पहुँच गया है, जबकि सरवरी क्षेत्र के पैदल पुल को भी काफ़ी नुकसान पहुँचा है।

जिला प्रशासन ने नुकसान का आकलन शुरू कर दिया है। सुरक्षा को देखते हुए मंगलवार को सभी शिक्षण संस्थान बंद रखने के आदेश जारी किए गए हैं। बादल फटने की सूचना मिलते ही प्रशासन ने सरवरी में नदी-नालों के किनारे झुग्गियों में रह रहे लोगों को सुरक्षित स्थानों पर शिफ्ट किया।

ग्रामीणों के अनुसार, बादल फटने की आवाज़ सुनते ही लोग घरों से बाहर निकल आए। गनीमत रही कि इस हादसे में किसी प्रकार की जानी हानि नहीं हुई। हालांकि, नालों का मलबा कई घरों में घुस गया, जिससे लोगों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।

नैनीताल प्रकरण पर हाईकोर्ट की सख़्त टिप्पणी, धस्माना बोले– सरकार सत्ता में रहने लायक नहीं

0

देहरादून :त्रिस्तरीय पंचायत चुनावों के अंतिम चरण में नैनीताल जिला पंचायत अध्यक्ष चुनाव के दौरान हुआ विवाद अब राजनीतिक भूचाल बन चुका है। कांग्रेस ने इस प्रकरण को प्रदेश की कानून-व्यवस्था की पूरी तरह ध्वस्त स्थिति का सबसे बड़ा उदाहरण करार दिया है।

प्रदेश कांग्रेस कमेटी के वरिष्ठ उपाध्यक्ष (संगठन) सूर्यकांत धस्माना ने मंगलवार को कांग्रेस मुख्यालय में पत्रकारों से बातचीत करते हुए कहा कि भाजपा नेताओं ने हथियारबंद आपराधिक तत्वों के साथ मिलकर पांच जिला पंचायत सदस्यों का अपहरण करने का दुस्साहस किया। हैरानी की बात यह है कि घटना को पांच दिन बीत जाने के बाद भी पुलिस किसी भी आरोपी को गिरफ्तार नहीं कर पाई।

उन्होंने कहा कि नैनीताल उच्च न्यायालय ने इस पूरे प्रकरण पर गंभीर टिप्पणी की है और जिस जिले में हाईकोर्ट मौजूद हो, वहां पुलिस की मौजूदगी में अपराधी बेख़ौफ़ होकर अपहरण कर लें, इससे बड़ा कानून-व्यवस्था का मज़ाक दूसरा नहीं हो सकता।

धस्माना ने आरोप लगाया कि पुलिस अपराधियों को पकड़ने की बजाय बचा रही है। नैनीताल के पुलिस अधीक्षक को लेकर हाईकोर्ट की टिप्पणियां बिल्कुल सही हैं, सरकार को तत्काल उन्हें हटाकर होमगार्ड में भेज देना चाहिए।

कांग्रेस नेता ने भाजपा को इस साजिश का “मास्टरमाइंड” बताते हुए कहा कि इसी कारण पुलिस कार्रवाई करने से कतरा रही है। उन्होंने साफ कहा कि आगामी विधानसभा सत्र में यह मुद्दा जोर-शोर से उठाया जाएगा और कांग्रेस सड़कों पर भी इस लड़ाई को जारी रखेगी।

हरिद्वार-रुड़की हाईवे पर ट्रक की टक्कर से दंपती की मौत

0

हरिद्वार। हरिद्वार-रुड़की हाईवे पर सोमवार तड़के दर्दनाक सड़क हादसे में बाइक सवार दंपती की मौत हो गई। हादसा मैक्सवेल अस्पताल के सामने हुआ, जहां रुड़की की ओर जा रहे दंपती की बाइक को ट्रक ने पीछे से टक्कर मार दी।

पुलिस के अनुसार ज्वालापुर निवासी दीपक सिंह (36) और उनकी पत्नी कमलेश (34) सोमवार सुबह करीब पांच बजे मोटरसाइकिल से रुड़की की ओर जा रहे थे। इसी दौरान तेज रफ्तार ट्रक ने उनकी बाइक को टक्कर मार दी। टक्कर इतनी भीषण थी कि दोनों की मौके पर ही मौत हो गई।

सूचना पर पहुंची पुलिस ने शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। इंस्पेक्टर नरेश राठौड़ ने बताया कि हादसे के बाद ट्रक चालक मौके से फरार हो गया, जिसकी तलाश की जा रही है। पुलिस ने ट्रक को कब्जे में ले लिया है और परिजनों की ओर से तहरीर मिलने पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

नैनीताल जिला पंचायत चुनाव पर हाईकोर्ट सख्त, SSP को लगाई फटकार

0

नैनीताल। जिला पंचायत अध्यक्ष और उपाध्यक्ष चुनाव के दौरान हुए हंगामे का मामला अब हाईकोर्ट पहुँच गया है। बृहस्पतिवार को भारी बवाल और आरोप-प्रत्यारोप के बीच शुक्रवार तड़के 22 वोटों की गिनती निर्वाचन आयोग के पर्यवेक्षक की मौजूदगी में कराई गई थी। वोटों के परिणाम डबल लॉक लिफाफे में सुरक्षित रखे गए हैं।

इस मामले में 18 अगस्त को सुनवाई प्रस्तावित थी, लेकिन अब इसे 19 अगस्त तक टाल दिया गया है। वहीं, चुनाव से लापता हुए पांचों सदस्य कोर्ट में पेश हुए। उन्होंने 164 में मजिस्ट्रेट के समक्ष बयान दर्ज कराते हुए कहा कि वे अपनी मर्जी से घूमने गए थे।

उधर, वरिष्ठ अधिवक्ता कपिल सिब्बल के जूनियर वकील कामत ने अलग याचिका दाखिल कर रिपोलिंग की मांग की है, जिस पर अभी सुनवाई नहीं हुई है। हाईकोर्ट ने डीएम से काउंटिंग प्रक्रिया और कार्यवाही संबंधी रिपोर्ट शपथपत्र के रूप में तलब की है।

सुनवाई के दौरान चीफ जस्टिस ने SSP नैनीताल को फटकार लगाते हुए सवाल किया कि पुलिस बल कहां था और शहर में हिस्ट्रीशीटर क्या कर रहे थे।

जर्जर विद्यालयों का होगा कायाकल्प, 20 स्कूलों के लिए 14.39 करोड़ स्वीकृत

0

देहरादून। माध्यमिक शिक्षा विभाग के अंतर्गत जर्जर विद्यालयों के जीर्णोद्धार की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। विभागीय स्तर पर जनपदवार क्षतिग्रस्त विद्यालयों को ए, बी, सी और डी श्रेणी में चिन्हित किया गया है। सी श्रेणी के चार जनपदों (टिहरी, पौड़ी, देहरादून और ऊधमसिंह नगर) के 10 विद्यालयों में निर्माण व मरम्मत कार्यों के लिए कार्यदायी संस्था नामित कर कुल 14 करोड़ 39 लाख रुपये स्वीकृत किए गए हैं। विभागीय मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने इस प्रस्ताव को मंजूरी दी।

टिहरी जनपद

  • राजकीय इंटर कॉलेज नकुर्ची (2.77 करोड़)

  • राजकीय इंटर कॉलेज न्यूली अकरी (1.59 करोड़)

  • राजकीय इंटर कॉलेज लम्बगांव (2.53 करोड़)

  • राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय पिन्सवाड़ (2.35 करोड़)

देहरादून

  • राजकीय इंटर कॉलेज जस्सोवाला (3 करोड़)

ऊधमसिंह नगर

  • राजकीय इंटर कॉलेज बरहैनी (96 लाख)

  • राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय पूरनपुर (59 लाख)

  • राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय जगदीशपुर, गदरपुर (15 लाख)

पौड़ी

  • राजकीय इंटर कॉलेज सिलोगी, द्वारीखाल (43 लाख)

इन कार्यों की जिम्मेदारी टिहरी व देहरादून में सिंचाई विभाग तथा ऊधमसिंह नगर और पौड़ी में ग्रामीण निर्माण विभाग को दी गई है।

इन विद्यालयों में कक्षा-कक्ष, आर्ट एंड क्राफ्ट कक्ष, वैकल्पिक विषय कक्ष, पुस्तकालय, प्रयोगशालाएं, एमडीएम किचन, शौचालय तथा पुराने भवनों की मरम्मत की जाएगी।

इसके अलावा, डी श्रेणी में चिन्हित हरिद्वार, अल्मोड़ा और नैनीताल के 6 विद्यालयों में भी निर्माण कार्य हेतु कार्यदायी संस्था नामित कर दी गई है। इनमें –

  • हरिद्वार: राजकीय बालिका इंटर कॉलेज गुलाबशाहपीर, राजकीय बालिका इंटर कॉलेज भगवानपुर, राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय मानकचौक (नारसन), राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय मानकपुर आदमपुर।

  • नैनीताल: राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय।

  • अल्मोड़ा: राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय जाख।

ग्रामीण निर्माण विभाग और कृषि मंडी को इन कार्यों की जिम्मेदारी सौंपी गई है।

डॉ. धन सिंह रावत ने कहा कि सरकार का लक्ष्य प्रदेश के प्रत्येक विद्यार्थी को सुरक्षित और आधुनिक विद्यालयीन भवन उपलब्ध कराना है।

NDA ने सीपी राधाकृष्णन को उपराष्ट्रपति पद का उम्मीदवार बनाया, कौन होगा विपक्ष का उम्मीदवार?

0

नई दिल्ली। बीजेपी नेतृत्व वाले एनडीए गठबंधन ने महाराष्ट्र के राज्यपाल सीपी राधाकृष्णन को उपराष्ट्रपति पद का उम्मीदवार घोषित किया है। इसकी घोषणा रविवार को पार्टी अध्यक्ष व केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा ने की। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने राधाकृष्णन को शुभकामनाएं दी हैं।

वहीं, विपक्षी INDIA गठबंधन ने अब तक अपने उम्मीदवार की घोषणा नहीं की है। नड्डा ने कहा कि विपक्ष से बातचीत कर सहमति बनाने की कोशिश की जाएगी, ताकि निर्विरोध चुनाव कराया जा सके। सवाल इस बात को लेकर भी है कि आखिर विपक्ष का उम्मीदवार कौन होगा? इस बात की भी चर्चा है कि विपक्ष इस मर्तबा कोई बड़ा खेल कर सकता है।

संख्या बल में एनडीए का पलड़ा भारी
उपराष्ट्रपति चुनाव 9 सितंबर को होगा और परिणाम भी उसी दिन घोषित किए जाएंगे। चुनाव में लोकसभा और राज्यसभा के सभी निर्वाचित व मनोनीत सदस्य मतदान करते हैं। वर्तमान में दोनों सदनों की संयुक्त प्रभावी क्षमता 780 है, क्योंकि 6 सीटें रिक्त हैं। जीत के लिए उम्मीदवार को कम से कम 349 मतों की आवश्यकता होगी।

लोकसभा में एनडीए के पास 542 में से 293 सांसद हैं, जबकि राज्यसभा में उसके पास 129 सांसदों का समर्थन है। मनोनीत सदस्यों सहित एनडीए के कुल अनुमानित मतों की संख्या लगभग 422 तक पहुंच रही है, जो बहुमत से कहीं अधिक है। ऐसे में उपराष्ट्रपति चुनाव में एनडीए की स्थिति मजबूत मानी जा रही है।

उत्तराखंड में अगले पांच दिन हो सकती है भारी बारिश, येलो अलर्ट जारी

0

देहरादून। मौसम विभाग ने उत्तराखंड में 18 से 22 अगस्त तक कई जिलों में भारी बारिश और आकाशीय बिजली गिरने की संभावना जताई है। विभाग के अनुसार इस अवधि में पर्वतीय और मैदानी क्षेत्रों में भूस्खलन, सड़क बाधित होने और नदियों के जलस्तर बढ़ने का खतरा बना रहेगा।

18 अगस्त को पौड़ी, बागेश्वर, पिथौरागढ़, हरिद्वार, देहरादून और नैनीताल जिलों में भारी बारिश की संभावना है। राज्य के सभी जिलों में आकाशीय बिजली और तेज बारिश का दौर चल सकता है।

19 अगस्त को उत्तरकाशी, रुद्रप्रयाग, चमोली, बागेश्वर, पिथौरागढ़, देहरादून और नैनीताल में भारी बारिश की आशंका है।

20 और 21 अगस्त को देहरादून, बागेश्वर, पौड़ी, पिथौरागढ़, चमोली, रुद्रप्रयाग, उत्तरकाशी, चम्पावत और नैनीताल जिलों में कहीं-कहीं भारी बारिश होने की संभावना है।

22 अगस्त को पर्वतीय जिलों और उधमसिंह नगर में भारी बारिश की चेतावनी जारी की गई है।

मौसम विभाग ने लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है। वहीं, आपदा प्रबंधन विभाग ने जिला प्रशासन को अलर्ट मोड पर रहने और संवेदनशील इलाकों में निगरानी बढ़ाने के निर्देश दिए हैं।