कश्मीर हिंसा: तीसरे दिन भी तनाव बरकरार, मृतकों की संख्या हुई 23

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नई दिल्ली: हिजबुल कमांडर बुरहान वानी के मारे जाने के बाद जम्मू-कश्मीर में उत्पन्न हुए तनाव के बीच सुरक्षा की स्थिति का जायजा लेने के लिए केंद्रीय गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने आज उच्च स्तरीय बैठक बुलाई है। बैठक में आंतरिक सुरक्षा पर चर्चा होगी।
इस बीच कश्मीर में प्रदर्शनकारियों और सुरक्षाबलों के बीच झड़पों में मरने वालों की संख्या बढ़कर 23 हो गई है। शुक्रवार को एक मुठभेड़ में हिजबुल मुजाहिदीन के कमांडर बुरहान वानी की मौत के बाद से कर्फ्यू जैसे हालातों और अलगाववादियों की ओर से आयोजित बंद के कारण लगातार तीसरे दिन घाटी में सामान्य जनजीवन बाधित है।
पुलिस के एक अधिकारी ने बताया, ‘कल कुलगाम जिले में हिंसा की एक घटना में दो लोग मारे गए और इनकी पहचान फिरोज अहमद मीर (22) तथा खुर्शीद अहमद मीर (38) के रूप में हुई है।’ उन्होंने कहा कि दक्षिण कश्मीर जिले में संचार की सुविधा ‘अपर्याप्त’ होने के कारण इन युवाओं की मौत की जानकारी कल नहीं मिल सकी थी।
सुरक्षाबलों के साथ झड़प में वानी के मारे जाने के बाद हिंसक विरोध प्रदर्शन शुरू हो जाने पर शुक्रवार शाम से दक्षिण कश्मीर के चार जिलों में मोबाइल सेवाएं निलंबित हैं। प्रदर्शनकारियों और सुरक्षाबलों के बीच झड़पों में मारे जाने वालों की संख्या बढ़कर 23 हो गई है। मारे जाने वालों में एक पुलिसकर्मी भी शामिल है। हिंसा के चलते 250 से ज्यादा लोग घायल हो गए हैं और घाटी में हालात तनावपूर्ण बने हुए हैं।
श्रीनगर के कुछ भागों और घाटी के विभिन्न हिस्सों में कर्फ्यू जैसी स्थितियां बनी हुई हैं। कल शाम को झड़पों में श्रीनगर में एक मौत हुई थी। पुलिस के एक अधिकारी ने कहा कि प्रशासन ने शहर के संवेदनशील इलाकों में और घाटी के अन्य स्थानों पर सुरक्षा बलों की तैनाती बढ़ा दी है। उन्होंने कहा कि जान-माल के किसी भी नुकसान को रोकने के लिए सख्ती के साथ प्रतिबंध लगाए जा रहे हैं।
शनिवार के बाद से मोबाइल इंटरनेट सेवाएं निलंबित हैं और अलगाववादियों की ओर से आयोजित बंद के कारण सामान्य जनजीवन अब भी बाधित है। अधिकारियों ने कहा कि दुकानें, निजी दफ्तर, कारोबारी प्रतिष्ठान और पेट्रोल पंप बंद हैं जबकि सरकारी दफ्तरों और बैंकों में गिने-चुने लोग ही देखे गए। उन्होंने कहा कि सार्वजनिक परिवहन के साधन पूरी तरह सड़कों से नदारद हैं जबकि प्रतिबंध से मुक्त कुछ स्थानों पर निजी कारें और ऑटोरिक्शा चलते हुए पाए गए।
गर्मियों की छुट्टियों के चलते घाटी के शैक्षणिक संस्थान बंद हैं। सेंट्रल कश्मीर यूनिवर्सिटी, इस्लामिक यूनिवर्सिटी ऑफ साइंस एंड टेक्नोलॉजी और जम्मू एंड कश्मीर बोर्ड ऑफ स्कूल एजुकेशन ने मौजूदा हालात के कारण परीक्षाएं स्थगित कर दी हैं। सैयद अली शाह गिलानी, मीरवाइज उमर फारूक और मोहम्मद यासीन मलिक समेत अधिकतर अलगावादी नेताओं को या तो हिरासत में ले लिया गया है या फिर घर में ही नजरबंद कर दिया गया है।