महाराष्ट्र का बुलढाणा ज़िला रविवार को हुई एक घटना की वजह से महाराष्ट्र की बीजेपी और शिवसेना गठबंधन की सरकार के लिए किरकिरी का कारण बन गया। बता दें कि रविवार को महाराष्ट्र के बुलढाणा ज़िले के खटखेड़ गांव में सुबह के लगभग 8:30 बजे एक किसान पेड़ से फांसी लगाकर लटका हुआ मिला। आत्महत्या करने वाले किसान की पहचान 38 साल के राजू तलवड़े के रूप में हुई है।
बता दें कि राजू तलवड़े का फांसी पर झूलता पार्थिव शरीर जिन कपड़ों में था उसने बीजेपी सरकार के लिए एक असहज स्थिति खड़ी कर दी है। क्योंकि आत्महत्या के समय राजू तलवड़े ने जो टी-शर्ट पहन रखी थी। वह बीजेपी ने हाल ही में अपने कार्यकर्ताओं में बांटी थी। इन ख़ास तरह की टी-शर्ट में एक स्लोगन लिखा हुआ है। ‘पुनहा आनुया आपले सरकार’ यानी फिर से हमारी सरकार बनाएं। महाराष्ट्र में इस समय जिस तरह से चुनाव की सरगर्मी अपने चरम पर पहुंची हुई है।
उसमें यह घटना सरकार के लिए एक बहुत बड़ी असहज स्तिथि बना चुकी है। और इस समय जबकि प्रधानमंत्री मोदी विदर्भ में चुनावी रैली को संबोधित करने पहुंचे हुए थे। और बीजेपी अध्यक्ष अमित शाह और मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस महाराष्ट्र में एक रैली को संबोधित कर रहे थे। ऐसे में हुई एक किसान की आत्महत्या की गूंज विधानसभा चुनावों को प्रभावित ना कर दे, इसके लिए बीजेपी सरकार के माथे पर चिंता की लकीरें गहरी हो गई हैं।
इस घटना पर शिवसेना के किसान नेता किशोर तिवारी ने सभी दलों से किसानों की समस्या को गंभीरता से लेने का आग्रह किया है। और कहा है कि अगर सरकार ने ठोस कदम नहीं उठाए, तो इस तरह की समस्या नियंत्रण से बाहर हो जाएगी। प्राप्त ख़बरों के अनुसार किसान राजू तलवड़े की आत्महत्या का कारण उसके ऊपर क़र्ज़ बताया जा रहा है। जिसे चुकाने में असमर्थ होने की वजह से राजू ने आत्महत्या का इतना बड़ा क़दम उठाया। बता दें कि महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने शनिवार को ही कृषि संकट और किसानों की आत्महत्या के लिए पूर्व की राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एनसीपी) और कांग्रेस पार्टी को ज़िम्मेदार ठहराया था।














